यहां सेक्टर-35 में इंडियन इंस्टीच्यूट ऑफ वैदिक एस्ट्रोलोजी द्वारा एक
सेमिनार का आयोजन किया गया। आयोजक अनिल ग्रोवर ने बताया कि इस सेमिनार में
मुख्य वक्ता वैदिक शास्त्रों के विद्वान डाॅ. सुरेश चंद्र मिश्रा थे।
कार्यक्रम में नक्षत्र ज्योतिष पर चर्चा की गयी। इसमें करीब 50 लोगों ने
भाग लिया। ग्रोवर के मुताबिक सेमिनार का मुख्य विषय था—स्पेशल नक्षत्र।
डाॅ. मिश्रा ने विशेष नक्षत्रों 10, 16, 18, 19, 22 और 25वें की बदलती
स्थिति-दशा के मानव के स्वास्थ्य, बुद्धि व करियर पर भविष्य में पड़ सकने
वाले प्रभाव के बारे में ज्योतिष के विद्यार्थियों तथा ज्योतिषियों को
जानकारी दी। खासकर इन विशेष ‘तारों’ का व्यक्ति के साथ ही उसकी संतान पर
कैसा असर हो सकता है। उन्होंने अन्य नक्षत्रों के पड़ सकने वाले प्रभाव पर
भी प्रकाश डाला।
एक स्थानीय अदालत में चल रहे हत्या के केस में नामजद 2 महिलाओं सहित सभी 3
दोषियों को उम्रकैद की सजा व 20-20 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है।
जानकारी के अनुसार 2016 में मुल्लांपुर थाने के अधीन पड़ते गांव तोंगा निवासी अमरनाथ का कत्ल हो गया था। मुल्लांपुर पुलिस ने मृतक की पत्नी
शिकायतकर्ता नर्बदा के ब्यानों पर गांव तोंगा के ही रहने वाले अनिल कुमार
उर्फ नीला, पूनम व सरमिस्टा के खिलाफ मामला दर्ज किया था। शिकायतकर्ता ने
पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया था कि उसका पति अमरनाथ कैटरिंग का काम
करता था। 22 अक्तूबर, 2016 को उसका पति घर से गया था, परंतु वापस घर नहीं
लौटा। वहीं, मुल्लांपुर पुलिस को सेक्टर-16 चंडीगढ़ जनरल अस्पताल से फोन
आया था कि एक लाश उनके पास आई है जिसका कोई वारिस नहीं है। पुलिस ने जब
जांच की तो लाश अमरनाथ कि निकली। पुलिस जांच में सामने आया कि अमरनाथ अनिल
कुमार के पास रेहड़ी लेने के लिए गया था, परंतु अनिल कुमार, पूनम व
सरमिस्टा ने अमरनाथ को चोर समझ कर उसकी गांव तोंगा में स्थित गूगामाड़ी के
पास जमकर पिटाई की। अमरनाथ को उक्त लोगों ने इतनी बुरी तरह पीटा कि उसकी
मौत हो गई थी। पुलिस ने इस मामले में उक्त तीनों के खिलाफ आईपीसी की धारा
302 व 34 के तहत मामला दर्ज किया था।क स्थानीय अदालत में चल रहे हत्या के केस में नामजद 2 महिलाओं सहित सभी 3
दोषियों को उम्रकैद की सजा व 20-20 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है।
जानकारी के अनुसार 2016 में मुल्लांपुर थाने के अधीन पड़ते गांव तोंगा
निवासी अमरनाथ का कत्ल हो गया था। मुल्लांपुर पुलिस ने मृतक की पत्नी
शिकायतकर्ता नर्बदा के ब्यानों पर गांव तोंगा के ही रहने वाले अनिल कुमार
उर्फ नीला, पूनम व सरमिस्टा के खिलाफ मामला दर्ज किया था। शिकायतकर्ता ने
पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया था कि उसका पति अमरनाथ कैटरिंग का काम
करता था। 22 अक्तूबर, 2016 को उसका पति घर से गया था, परंतु वापस घर नहीं
लौटा। वहीं, मुल्लांपुर पुलिस को सेक्टर-16 चंडीगढ़ जनरल अस्पताल से फोन
आया था कि एक लाश उनके पास आई है जिसका कोई वारिस नहीं है। पुलिस ने जब
जांच की तो लाश अमरनाथ कि निकली। पुलिस जांच में सामने आया कि अमरनाथ अनिल
कुमार के पास रेहड़ी लेने के लिए गया था, परंतु अनिल कुमार, पूनम व सरमिस्टा ने अमरनाथ को चोर समझ कर उसकी गांव तोंगा में स्थित गूगामाड़ी के
पास जमकर पिटाई की। अमरनाथ को उक्त लोगों ने इतनी बुरी तरह पीटा कि उसकी
मौत हो गई थी। पुलिस ने इस मामले में उक्त तीनों के खिलाफ आईपीसी की धारा
302 व 34 के तहत मामला दर्ज किया था।
प्रशासन ने निगम के अंतर्गत आते 5 गांवों में प्रॉपर्टी टैक्स लगाने की
अधिसूचना आज जारी कर दी। प्रशासन के गजट में प्रकाशित होते ही निगम के
अंतर्गत आते 5 गांवों में सम्पत्ति कर लग जायेगा। जबकि निगम सदन में इस संबंध में एजेंडा टाल दिया गया था। ज्ञात रहे कि इससे पूर्व भी निगम द्वारा
एजेंडा टाल दिए जाने के बावजूद प्रशासन ने शहर में पार्किंग शुल्क लगाया
तथा व्यावसायिक व आवासीय भवनों पर सम्पत्ति कर लगाया था। निगम के 5
गांव-हल्लोमाजरा, कजहेड़ी, पलसोरा, मलोया और डड्डूमाजरा में प्रॉपर्टी टैक्स
लग जायेगा। यह गांव 2006 में निगम के हवाले किए गए थे। निगम के सर्वे के अनुसार इन गांवों में 4300 दुकानें और व्यावसायिक भवन हैं। इन सभी गांव को
ग्रुप फोर जोन-सी में रखा गया है व यहां लोगों को स्व-आंकलन की सुविधा
उपलब्ध होगी। निगम में 1996 में शामिल किए गए 4 गांव-बुड़ैल, बटरेला, बढ़हेड़ी
और अटावा तथा मनीमाजरा में पहले से ही प्रॉपर्टी टैक्स लागू है।
ज्ञात रहे कि गत जुलाई में सदन की बैठक में यह एजेंडा डेफर कर दिया गया था।
पार्षदों का कहना था कि जब तक इन गांवों में पूरी तरह से मूलभूत सुविधायें
उपलब्ध नहीं होती तब तक सम्पत्ति कर नहीं लगाना चाहिए।